उज्जैन: 16 वर्षीय नाबालिग से पांच लड़कों ने किया सामूहिक दुष्कर्म, पानी में नशीला पदार्थ मिलाकर दिया था; दो आरोपी गिरफ्तार

उज्जैन। मध्य प्रदेश के उज्जैन जिले में चिमनगंज थाना क्षेत्र की एक 16 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ सामूहिक दुष्कर्म का अत्यंत गंभीर मामला प्रकाश में आया है। पीड़िता ने अपने परिजनों को बताया कि पांच लड़कों ने उसे पानी में नशीला पदार्थ मिलाकर पिलाया और उसके बाद बारी-बारी से उससे दुष्कर्म किया। इस घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपियों में एक बालिग युवक शामिल है, जिसे न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है, जबकि एक नाबालिग आरोपी को बाल संप्रेक्षण गृह भेजा गया है। तीन अन्य नाबालिग आरोपियों की तलाश के लिए पुलिस टीमों द्वारा लगातार धरपकड़ के प्रयास किए जा रहे हैं।
घटना की विस्तृत जानकारी देते हुए पुलिस ने बताया कि यह पूरा मामला चिमनगंज थाना क्षेत्र से जुड़ा हुआ है। पीड़िता चिमनगंज थाना क्षेत्र की निवासी है और उसने कक्षा नौवीं तक की पढ़ाई पूरी की है। वर्तमान समय में वह किसी स्कूल में नहीं जा रही थी। 26 सितंबर को नाबालिग लड़की अपने घर से अचानक गायब हो गई थी। उसके लापता होने के बाद परिजन काफी परेशान थे और उसे खोजने में जुट गए थे। कई स्थानों पर तलाश करने के बाद भी जब लड़की का कोई सुराग नहीं लगा, तो परिजनों ने 28 सितंबर को चिमनगंज थाने पहुंचकर उसके अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस भी अपहृत लड़की की तलाश में जुटी हुई थी।
लड़की चार दिन बाद 30 सितंबर को खुद ही अपने घर लौट आई। घर पहुंचने पर उसने अपनी आपबीती परिजनों को सुनाई, जिसके बाद परिजनों के पैरों तले जमीन खिसक गई। पीड़िता ने बताया कि क्षेत्र के ही एक नाबालिग लड़के ने उसे जीवाजीगंज क्षेत्र में एक सुनसान बाड़े में ले गया था। वहां पहुंचने के बाद उस लड़के ने अपने अन्य दोस्तों को भी बुला लिया। कुल पांच लड़के वहां इकट्ठा हो गए। इन सभी ने मिलकर पहले उसे पानी में नशीला पदार्थ मिलाकर पिलाया। नशीला पदार्थ पिलाने के कारण वह बेसुध हो गई, जिसके बाद उन पांचों लड़कों ने बारी-बारी से उसके साथ दुष्कर्म किया।
परिजनों ने जैसे ही इस घटना की जानकारी प्राप्त की, वे तुरंत पीड़िता को लेकर चिमनगंज थाने पहुंचे और पुलिस को पूरी घटना की विस्तृत जानकारी दी। अपहरण के मामले में पहले से ही सक्रिय पुलिस ने अब इस मामले को सामूहिक दुष्कर्म के रूप में दर्ज करते हुए तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी। पीड़िता द्वारा बताए गए विवरण के आधार पर पुलिस ने सबसे पहले उस नाबालिग लड़के को पकड़ा, जो उसे सुनसान बाड़े में ले गया था। पुलिस ने उससे सख्ती से पूछताछ की, जिसमें उसने अपना अपराध कबूल कर लिया और पूरी घटना की पुष्टि की।
जीवाजीगंज थाना पुलिस ने मामले की अधिक जानकारी साझा करते हुए बताया कि इस सामूहिक दुष्कर्म की घटना में कुल पांच आरोपी शामिल हैं। इनमें से चार आरोपी नाबालिग हैं, जिनकी आयु 16 से 17 वर्ष के बीच बताई जा रही है, जबकि एक आरोपी बालिग है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए जीवाजीगंज क्षेत्र निवासी एक नाबालिग आरोपी को गिरफ्तार किया है। चूंकि वह नाबालिग है, इसलिए कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए उसे बाल संप्रेक्षण गृह भेज दिया गया है।
इसके अलावा, पुलिस ने मामले के एकमात्र बालिग आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार किया गया बालिग आरोपी 19 वर्षीय लक्की है, जो पिता जुगल किशोर का पुत्र है और महावीरनगर का निवासी है। पुलिस ने शुक्रवार को लक्की को न्यायालय में पेश किया, जहां से न्यायाधीश ने उसे जेल भेजने के आदेश जारी कर दिए हैं।
हालांकि, घटना में शामिल तीन अन्य नाबालिग आरोपी अभी भी फरार हैं। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सभी पांचों लड़कों की पहचान कर ली गई है और फरार तीनों नाबालिग आरोपियों की तलाश के लिए विशेष टीमों का गठन किया गया है। सीएसपी पुष्पा प्रजापति ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि फरार नाबालिग आरोपियों को जल्द ही टीम पता लगा लेगी। उन्होंने कहा कि उनकी धरपकड़ के लिए लगातार प्रयास जारी हैं और उन्हें शीघ्र ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
पुलिस ने यह भी बताया कि पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया जा चुका है, ताकि दुष्कर्म के चिकित्सा साक्ष्य संरक्षित किए जा सकें। इसके अतिरिक्त, पीड़िता के बयान न्यायालय में दर्ज करा दिए गए हैं, जो आगामी कानूनी कार्यवाही में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। यह घटना उज्जैन जिले में महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करती है। पुलिस प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि इस मामले में किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा और सभी फरार आरोपियों को शीघ्र ही सलाखों के पीछे लाया जाएगा।




