कठुआ40 मिनट पहलेलेखक: रउफ डार
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कठुआ जिले में 27 मार्च से आतंकियों की तलाश में सर्च ऑपरेशन जारी है।
जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले के सोफियान जंगल इलाके में तीसरे दिन फिर से सेना और आतंकियों के बीच मुठभेड़ शुरू हो गई है। सुरक्षाबलों ने इलाके की घेराबंदी कर दी है और सर्च ऑपरेशन को तेज कर दिया गया।
सूत्रों के मुताबिक, सोफियान जंगल इलाके में 9 आतंकियों के छिपे होने की सूचना मिलने के बाद सुरक्षाबलों ने सर्च ऑपरेशन शुरू किया, जिसके दौरान फायरिंग शुरू हो गई।
27 मार्च से चल रहे एनकाउंटर में अब तक 2 आतंकी मारे गए। इसके अलावा सुरक्षाबलों के चार जवान शहीद हुए हैं और तीन अन्य घायल हैं।
DGP नलिन प्रभात ने बताया- आतंकवादियों के खात्मे तक ऑपरेशन जारी रहेगा।

4 जवानों के शहीद होने के बाद एनकाउंटर वाले इलाके में आज सुबह जवानों की तैनाती बढ़ा दी गई है।
4 जवान शहीद, 3 जवान घायल 28 मार्च को ऑपरेशन ग्रुप (SOG) के जवान तारिक अहमद, जसवंत सिंह, जगबीर सिंह और बलविंदर सिंह की गोली लगने से मौत हो गई थी।
वहीं, DSP धीरज सिंह समेत तीन जवानों का इलाज जारी है। डिप्टी CM सुरिंदर चौधरी मुठभेड़ में घायल पुलिसकर्मियों का हालचाल जानने के लिए जम्मू मेडिकल कॉलेज पहुंचे थे।
सूत्रों के मुताबिक, सुरक्षाबलों को करीब 9 आतंकवादियों के छिपे होने की खबर मिली थी। ये आतंकी जैश-ए-मोहम्मद के प्रॉक्सी संगठन पीपुल्स एंटी फासिस्ट फ्रंट से जुड़े हैं।

DSP धीरज सिंह के साथ ये जवान आतंकियों की तलाश में गए थे। जहां एनकाउंटर में उन्हें गोली लग गई।
28 मार्च: एनकाउंटर के दूसरे दिन की तस्वीरें…

मुठभेड़ में शहीद हुए एक जवान के ताबूत को कंधा देते जम्मू-कश्मीर के DGP (बाएं) नलिन प्रभात और CRPF के ADG राजेश कुमार।

शहीदों के शव परिजन को सौंपने से पहले कठुआ पुलिस लाइन में उन्हें श्रद्धांजलि दी गई।

डिप्टी सीएम सुरिंदर चौधरी मुठभेड़ में घायल पुलिसकर्मियों का हालचाल जानने के लिए शुक्रवार को जम्मू मेडिकल कॉलेज पहुंचे।

जंगल वाले इलाके में छुपे हुए आंतकियों की तलाश करते सेना के जवान।
27 मार्च: एनकाउंटर के पहले दिन की तस्वीरें…

गुरुवार को सूचना मिलने के बाद जुथाना इलाके में सुरक्षाबलों का सर्च ऑपरेशन चलाया।

सुरक्षाबलों को इलाके में आतंकियों के छिपे होने की जानकारी मिली थी।

घायल जवान को इलाज के लिए ले गए, जहां उन्होंने दम तोड़ दिया।
23 मार्च से चल रहा है एंटी टेरेरिस्ट ऑपरेशन न्यूज एजेंसी PTI के मुताबिक 23 मार्च को हीरानगर सेक्टर में आतंकवादियों के एक ग्रुप को सुरक्षाबलों ने घेर लिया था, लेकिन वे भागने में कामयाब रहे। माना जा रहा है कि ये वही आतंकवादी हैं, जो सान्याल से निकलकर जखोले गांव के पास देखे गए।
यह गांव हीरानगर सेक्टर से लगभग 30 किमी दूर है। सुरक्षाबलों ने जानकारी मिलते ही उन्होंने इलाके को घेर लिया, जिसके बाद मुठभेड़ शुरू हो गई। इस दौरान सेना के दो जवान भी घायल हुए हैं, जिन्हें सैन्य अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
आतंकियों ने एक परिवार को बंधक बनाया, लेकिन वे बच निकले 23 मार्च को कठुआ के हीरानगर सेक्टर में सुरक्षाबलों ने आतंकियों के एक ग्रुप को घेर लिया था। उस दिन आतंकियों ने एक बच्ची और उसके माता-पिता को पकड़ लिया था। मौका मिलने पर तीनों आतंकियों के चंगुल से भाग निकले थे। इस दौरान बच्ची की मामूली चोटें आई थीं। उन्होंने ही आतंकियों के छिपे होने की सूचना पुलिस को दी थी। महिला ने बताया था कि उसने पांच आतंकियों को देखा था। सभी ने दाढ़ी बढ़ा रखी थी और वे कमांडो की वर्दी पहने हुए थे।

मुठभेड़ में घायल जम्मू-कश्मीर पुलिस के SDPO बॉर्डर धीरज कटोच को GMC कठुआ में भर्ती कराया गया।
जम्मू कश्मीर में हाल ही में हुई आतंकी घटनाएं….
16 फरवरी: जम्मू-कश्मीर में LoC पर स्नाइपर फायरिंग, एक भारतीय जवान घायल जम्मू-कश्मीर में LoC पर 16 फरवरी को पुंछ सेक्टर में स्नाइपर फायरिंग हुई जहां एक भारतीय जवान घायल हो गया। इस घटना के बाद भारतीय और पाकिस्तानी सैनिकों के बीच कुछ देर तक गोलीबारी भी हुई।
13 फरवरी: पाकिस्तान की ओर से फायरिंग की खबर, सेना ने खंडन किया 13 फरवरी को पाकिस्तान की ओर से भारतीय सीमा में गोलीबारी की खबर आई थी। सोशल मीडिया पर भी पाकिस्तानी अधिकारियों का एक वीडियो वायरल हुआ था जिसमें वे अपने सैनिकों को श्रद्धांजलि देते हुए दिखाई दिए थे। कुछ रिपोर्ट्स में 6 लोगों के मारे जाने की बात कही गई। हालांकि, भारतीय सेना ने कहा था कि पाकिस्तान बॉर्डर पर युद्धविराम लागू है।
11 फरवरी: LoC के पास IED ब्लास्ट, 2 जवान शहीद, एक घायल जम्मू जिले के अखनूर सेक्टर में LoC के पास लालोली इलाके में IED ब्लास्ट हुआ। इसमें सेना के दो सैनिक शहीद हो गए थे।यह धमाका 11 फरवरी को करीब 3:50 बजे भट्टल इलाके में हुआ, जब सेना के जवान गश्त पर थे। सेना से जुड़े सूत्रों ने दावा किया था कि शहीद हुए फौजियों के नाम कैप्टन केएस बख्शी और मुकेश थे।
4 फरवरी: सेना ने 7 पाकिस्तानी घुसपैठियों को मार गिराया

भारतीय सेना ने 7 पाकिस्तानी घुसपैठियों को मार गिराया था। मीडिया रिपोर्ट्स में सूत्रों के हवाले से बताया गया कि घटना 4 फरवरी की रात पुंछ जिले में कृष्णा घाटी के पास हुई थी जब LoC के पास घुसपैठ की कोशिश की गई। सूत्रों का दावा था कि भारतीय सेना की फॉरवर्ड पोस्ट पर हमले की प्लानिंग थी।
19 जनवरी: सोपोर मुठभेड़ में एक जवान शहीद सोपोर में सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच शाम को मुठभेड़ शुरू हुई थी। इसमें एक जवान घायल हुआ था। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। सुरक्षाबलों को संदिग्ध आतंकवादियों का इनपुट मिला था। इसके बाद सर्च ऑपरेशन के दौरान आतंकियों ने फायरिंग शुरू कर दी। सुरक्षाबलों ने 2 आतंकियों की घेराबंदी की थी।
पुलिस प्रवक्ता ने दैनिक भास्कर को बताया था कि सुरक्षाबल गुप्त सूचना पर सोपोर के जालोरा गुज्जरपति में आतंकी ठिकाने का भंडाफोड़ करने पहुंचे थे। मुठभेड़ उस समय शुरू हुई जब सोपोर पुलिस के साथ 22 राष्ट्रीय राइफल्स, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) की 179वीं बटालियन पर आतंकियों ने फायरिंग कर दी।
14 जनवरी: LoC के पास लैंडमाइन ब्लास्ट, 6 जवान घायल

जम्मू-कश्मीर के राजौरी में 14 जनवरी को LoC के पास लैंडमाइन ब्लास्ट में गोरखा राइफल्स के 6 जवान घायल हो गए थे। ब्लास्ट भवानी सेक्टर के मकरी इलाके में हुआ था। जवानों की एक टुकड़ी खंबा किले के पास पेट्रोलिंग कर रही थी। उसी दौरान एक जवान का पैर गलती से सेना की बिछाई लैंड माइन पर पड़ गया।