बैतूल में गांधी-शास्त्री जयंती पर स्वच्छता अभियान: भाजपा प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने कहा- सफाई को रोजमर्रा की आदत बनाएं, 10 सफाईकर्मियों का सम्मान

बैतूल। मध्य प्रदेश के बैतूल जिले में शुक्रवार को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती के अवसर पर एक व्यापक स्वच्छता अभियान चलाया गया। इस विशेष कार्यक्रम में भारतीय जनता पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, केंद्रीय राज्यमंत्री डीडी उइके, जिला कलेक्टर सौरभ सोनवाने और नगर पालिका अध्यक्ष पार्वती बारस्कर ने शामिल होकर शहरवासियों को स्वच्छता का संदेश दिया। सभी गणमान्य व्यक्तियों ने स्वयं हाथों में झाड़ू लेकर सड़कों और बाजार क्षेत्रों की सफाई की, जिससे आम नागरिकों को प्रेरणा मिल सके। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य लोगों को साफ-सफाई के प्रति जागरूक करना और इसे उनके दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने के लिए प्रोत्साहित करना था।
कार्यक्रम की विधिवत शुरुआत सुबह के समय महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण करके की गई। इस दौरान महात्मा गांधी की प्रतिमा पर श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उन्हें जनेऊ भी पहनाया गया, जो उनकी स्मृति और भारतीय परंपराओं के प्रति गहरे सम्मान का प्रतीक था। माल्यार्पण और श्रद्धांजलि के बाद सभी नेताओं और अधिकारियों ने शहर के प्रमुख स्थानों गांधी चौक और कोठी बाजार में पहुंचकर स्वच्छता अभियान की शुरुआत की। इन दोनों ही स्थानों पर भारी संख्या में लोग मौजूद थे, जिन्होंने नेताओं और अधिकारियों को झाड़ू लगाते देखा तो वे भी इस पुनीत कार्य से जुड़ने के लिए प्रेरित हुए।
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने इस अवसर पर उपस्थित जनसमुदाय को संबोधित करते हुए स्वच्छता के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे स्वच्छता अभियान में सक्रिय रूप से भागीदारी करें और इसे केवल एक औपचारिकता न मानें। खंडेलवाल ने अपने संबोधन में कहा कि महात्मा गांधी हमेशा से स्वच्छता को एक स्वस्थ समाज की नींव और आधार मानते थे। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि स्वच्छता केवल एक दिन का अभियान या साल में एक बार मनाया जाने वाला कार्यक्रम नहीं होना चाहिए, बल्कि इसे हर व्यक्ति को अपने रोजमर्रा की आदत में शामिल करने की आवश्यकता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि जब तक सफाई हमारी दिनचर्या का हिस्सा नहीं बनेगी, तब तक वास्तविक अर्थों में स्वच्छ भारत का सपना पूरा नहीं हो सकता।
अभियान के दौरान संगठनात्मक स्तर पर भी स्वच्छता का संदेश फैलाने के प्रयास किए गए। कोठीबाजार मंडल के अंतर्गत आने वाले बूथ नंबर 72 में विशेष रूप से स्वच्छता अभियान चलाया गया। इस बूथ स्तर के कार्यक्रम में स्थानीय कार्यकर्ताओं और नागरिकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया, जिससे यह संदेश गया कि स्वच्छता की जिम्मेदारी केवल प्रशासन या नगर पालिका की नहीं, बल्कि हर नागरिक की है।
इस स्वच्छता अभियान का एक अत्यंत सराहनीय पहलू यह रहा कि समाज में स्वच्छता बनाए रखने में अहम भूमिका निभाने वाले सफाई कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के दौरान नगर पालिका के 10 सफाई कर्मचारियों का विशेष सम्मान किया गया। उनका यह सम्मान इसलिए भी महत्वपूर्ण था क्योंकि ये वही कर्मचारी हैं जो हर दिन शहर को साफ और स्वच्छ रखने के लिए कड़ी मेहनत करते हैं। इसके साथ ही, कार्यक्रम में मौजूद सभी लोगों को सामूहिक रूप से स्वच्छता की शपथ भी दिलाई गई, ताकि वे अपने आस-पास के वातावरण को स्वच्छ रखने के लिए प्रतिबद्ध हों।
पर्यावरण संरक्षण और प्लास्टिक प्रदूषण को कम करने के उद्देश्य से भी इस कार्यक्रम में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया। भाजपा प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने लोगों को प्लास्टिक का इस्तेमाल कम करने का संदेश दिया। इसी संदेश को आगे बढ़ाते हुए उन्होंने उपस्थित लोगों को कपड़े के थैले वितरित किए। कपड़े के थैलों का उपयोग बढ़ाने से एक तरफ जहां पर्यावरण को प्लास्टिक के कचरे से बचाया जा सकता है, वहीं दूसरी तरफ स्वच्छता अभियान को भी बल मिलता है।
इस भव्य स्वच्छता अभियान कार्यक्रम में कई अन्य प्रमुख जनप्रतिनिधि और संगठन के पदाधिकारी भी उपस्थित रहे। इनमें नगर पालिका उपाध्यक्ष महेश राठौर, भारतीय जनता युवा मोर्चा के जिलाध्यक्ष विक्रम वैद्य, मंडल अध्यक्ष विकास मिश्रा और विधायक प्रतिनिधि अजय वर्मा सहित अन्य स्थानीय नेता, कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में शहर के नागरिक शामिल थे। सभी ने मिलकर इस अभियान को सफल बनाने में अपना योगदान दिया। कार्यक्रम के दौरान तस्वीरों में अभियान की विभिन्न गतिविधियों को कैद किया गया, जिसमें नेताओं, अधिकारियों और आम जनता द्वारा एक साथ सफाई करते हुए दिखाया गया। बैतूल में आयोजित यह स्वच्छता अभियान गांधी-शास्त्री जयंती के अवसर पर एक सार्थक पहल साबित हुआ, जिसने समाज में साफ-सफाई और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता पैदा करने का काम किया।




