Thu, 08 Oct 202610:57 AM
Thu, Oct 8, 2026Updated 10:57 AM IST
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सुपौल में दुर्गा पूजा को लेकर प्रशासन अलर्ट: DM सावन कुमार और SP शरथ आरएस ने रात में चलाया सर्च ऑपरेशन, संदिग्धों पर कड़ी नजर

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वन्दे भारत न्यूज़, सुपौल। बिहार के सुपौल जिले में दुर्गा पूजा 2026 को शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। त्योहार के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था को बेहद कड़ा कर दिया गया है। इसी कड़ी में बुधवार देर रात जिलाधिकारी (DM) सावन कुमार और पुलिस अधीक्षक (SP) शरथ आरएस के नेतृत्व में जिले के विभिन्न इलाकों में एक व्यापक सर्च ऑपरेशन चलाया गया। इस विशेष अभियान का मुख्य उद्देश्य असामाजिक तत्वों और संदिग्ध गतिविधियों पर लगाम लगाना तथा आम जनता को यह संदेश देना था कि प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद है।

बुधवार की देर रात शुरू हुए इस सर्च ऑपरेशन के दौरान डीएम सावन कुमार और एसपी शरथ आरएस खुद फील्ड में मौजूद रहे। दोनों वरिष्ठ अधिकारियों ने जिले के विभिन्न संवेदनशील और महत्वपूर्ण इलाकों का भ्रमण किया। इस दौरान वाहनों और संदिग्ध व्यक्तियों की सघन जांच की गई। प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, यह रात्रि गश्त और सर्च ऑपरेशन दुर्गा पूजा की सुरक्षा तैयारियों का एक अहम हिस्सा है। अधिकारियों ने थानाध्यक्षों और अन्य पुलिस पदाधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में निरंतर गश्ती तेज रखें और किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतें।

दुर्गा पूजा जैसे बड़े त्योहारों के दौरान कानून व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन के लिए सबसे बड़ी चुनौती होती है। इसी को ध्यान में रखते हुए सुपौल प्रशासन ने पहले से ही सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने शुरू कर दिए हैं। सर्च ऑपरेशन के दौरान विशेष रूप से उन संदिग्धों और असामाजिक तत्वों पर नजर रखी जा रही है, जो त्योहार के माहौल को खराब करने की कोशिश कर सकते हैं। प्रशासन का मानना है कि ऐसे तत्वों पर समय रहते शिकंजा कसना जरूरी है, ताकि पूजा के दिनों में कोई अप्रिय घटना न घट सके। इसके लिए पुलिस मुख्यालय से लेकर स्थानीय थाना स्तर तक सभी अधिकारियों और कर्मियों को हाई अलर्ट पर रखा गया है।

डीएम सावन कुमार और एसपी शरथ आरएस ने इस अभियान के दौरान संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि दुर्गा पूजा पंडालों के आसपास और शहर के प्रमुख चौराहों पर सुरक्षा बलों की तैनाती सुनिश्चित की जाए। भीड़भाड़ वाले इलाकों में विशेष निगरानी रखने के लिए कहा गया है, ताकि किसी भी आपातकालीन स्थिति से तुरंत निपटा जा सके। इसके अलावा, शहर में ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारू बनाने के लिए भी आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। पूजा के दिनों में भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक और वैकल्पिक मार्गों की योजना पर भी काम किया जा रहा है, जिससे श्रद्धालुओं और आम नागरिकों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।

प्रशासन ने आम लोगों से भी सहयोग की अपील की है। डीएम और एसपी ने नागरिकों से अनुरोध किया है कि यदि उन्हें अपने आसपास कोई संदिग्ध व्यक्ति या वस्तु दिखाई दे, तो वे तुरंत इसकी सूचना नजदीकी पुलिस थाने या हेल्पलाइन नंबर पर दें। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सूचना देने वालों की पहचान गुप्त रखी जाएगी। प्रशासन का यह भी कहना है कि दुर्गा पूजा सभी का साझा त्योहार है और इसे सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाना हर नागरिक की जिम्मेदारी है। सोशल मीडिया पर किसी भी प्रकार की अफवाह या भड़काऊ संदेश फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है। साइबर सेल द्वारा ऑनलाइन गतिविधियों पर भी पैनी नजर रखी जा रही है।

सुपौल जिले में हर वर्ष दुर्गा पूजा बड़े ही धूमधाम और उत्साह के साथ मनाई जाती है। जिले के विभिन्न प्रखंडों और शहरी क्षेत्रों में बड़ी संख्या में पूजा पंडाल स्थापित किए जाते हैं, जहां हजारों की संख्या में श्रद्धालु माता की पूजा-अर्चना के लिए पहुंचते हैं। इस बार भी पूजा समितियों ने अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं। प्रशासन की ओर से सभी पूजा समितियों के साथ बैठकें की जा रही हैं, जिसमें उन्हें सुरक्षा मानकों का पालन करने और प्रशासन का सहयोग करने के लिए कहा जा रहा है। पंडालों में अग्नि सुरक्षा उपकरणों की व्यवस्था और आपातकालीन निकासी मार्ग सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।

बुधवार रात के इस सर्च ऑपरेशन ने जहां एक ओर असामाजिक तत्वों में खौफ पैदा किया है, वहीं दूसरी ओर आम जनता में सुरक्षा को लेकर विश्वास बढ़ा है। लोगों का कहना है कि जब जिले के दो सबसे वरिष्ठ अधिकारी यानी डीएम और एसपी खुद रात के समय सड़कों पर उतरकर गश्त कर रहे हैं, तो इससे साफ जाहिर होता है कि प्रशासन सुरक्षा को लेकर कितना गंभीर है। सुपौल पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि यह सर्च ऑपरेशन केवल एक दिन का नहीं है, बल्कि दुर्गा पूजा समाप्त होने और प्रतिमा विसर्जन तक लगातार इसी तरह के अभियान चलाए जाएंगे।

कुल मिलाकर, सुपौल जिला प्रशासन ने दुर्गा पूजा 2026 को लेकर कोई कसर नहीं छोड़ी है। डीएम सावन कुमार और एसपी शरथ आरएस के नेतृत्व में चलाया गया यह रात्रि सर्च ऑपरेशन सुरक्षा व्यवस्था की मजबूती का प्रमाण है। प्रशासन का लक्ष्य है कि जिले में भयमुक्त और शांतिपूर्ण माहौल में दुर्गा पूजा का आयोजन हो सके और सभी श्रद्धालु सुरक्षित रूप से पूजा-अर्चना कर सकें। आने वाले दिनों में सुरक्षा बलों की तैनाती और गश्ती व्यवस्था को और अधिक सघन किया जाएगा, ताकि कानून व्यवस्था की स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में रहे।