AISA आज पटना के गर्दनीबाग में करेगी छात्र-युवा महापंचायत, 70वीं BPSC से लेकर दरोगा भर्ती तक के अभ्यर्थी होंगे शामिल

पटना। बिहार में सरकारी नौकरियों की परीक्षाओं और भर्ती प्रक्रियाओं को लेकर चल रही मांगों के बीच ऑल इंडिया स्टूडेंट एसोसिएशन (AISA) ने सोमवार को राजधानी पटना के गर्दनीबाग धरना स्थल पर एक बड़ी छात्र-युवा महापंचायत आयोजित करने का निर्णय लिया है। इस महापंचायत में राज्य भर के छात्रों और युवाओं को एकजुट करने का लक्ष्य रखा गया है। संगठन की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, इस कार्यक्रम में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं और भर्तियों से जुड़े अभ्यर्थी बड़ी संख्या में शामिल होंगे। इनमें 70वीं बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) परीक्षा, बिहार कर्मचारी चयन आयोग (BSSC) की परीक्षाओं और 1799 पदों पर होने वाली दरोगा भर्ती के अभ्यर्थी प्रमुख रूप से मौजूद रहेंगे। इसके अलावा, वे सभी अभ्यर्थी भी इस महापंचायत में हिस्सा लेंगे जो पिछले कई महीनों से अपनी मांगों को लेकर गर्दनीबाग में धरने पर बैठे हुए हैं।
गर्दनीबाग धरना स्थल पटना में अभ्यर्थियों के आंदोलन का मुख्य केंद्र रहा है। यहां विभिन्न भर्ती परीक्षाओं में हुई अनियमितताओं, परिणामों में देरी और अन्य मांगों को लेकर छात्र और अभ्यर्थी लंबे समय से शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे हैं। AISA द्वारा बुलाई गई इस महापंचायत का उद्देश्य इन सभी अलग-अलग समूहों के अभ्यर्थियों को एक साझा मंच पर लाना है, ताकि उनकी मांगों को अधिक प्रभावी ढंग से सरकार और प्रशासन के सामने रखा जा सके। संगठन का मानना है कि जब 70वीं BPSC, BSSC और दरोगा भर्ती जैसे बड़े मामलों के अभ्यर्थी एक साथ आएंगे, तो उनके आंदोलन को व्यापक जनसमर्थन मिलेगा और प्रशासन पर दबाव बढ़ेगा।
बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की 70वीं परीक्षा राज्य की सबसे प्रतिष्ठित प्रशासनिक परीक्षाओं में से एक है। इस परीक्षा के माध्यम से राज्य में विभिन्न प्रशासनिक पदों पर नियुक्तियां की जाती हैं। हजारों की संख्या में युवा इस परीक्षा की तैयारी करते हैं और इसमें शामिल होते हैं। परीक्षा प्रक्रिया, समयबद्धता और पारदर्शिता को लेकर अभ्यर्थियों की ओर से समय-समय पर सवाल उठाए जाते रहे हैं। इसी प्रकार, बिहार कर्मचारी चयन आयोग (BSSC) की परीक्षाएं भी राज्य में सरकारी नौकरी पाने का एक प्रमुख जरिया हैं। BSSC के तहत विभिन्न विभागों में रिक्त पदों पर नियुक्ति के लिए परीक्षाएं आयोजित की जाती हैं, लेकिन कई बार इन परीक्षाओं के परिणाम या प्रक्रिया को लेकर अभ्यर्थियों में असंतोष देखने को मिलता है।
इस महापंचायत में 1799 पदों पर प्रस्तावित दरोगा भर्ती के अभ्यर्थी भी शामिल होंगे। बिहार पुलिस में दरोगा के पदों पर भर्ती युवाओं के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर होता है। 1799 पदों के लिए राज्य भर से लाखों आवेदन आते हैं और अभ्यर्थी शारीरिक परीक्षण से लेकर लिखित परीक्षा तक की कठिन प्रक्रिया से गुजरते हैं। इस भर्ती प्रक्रिया में तेजी लाने और इसे पूरी तरह पारदर्शी बनाने की मांग अभ्यर्थियों द्वारा लगातार की जा रही है। गर्दनीबाग में आयोजित होने वाली इस महापंचायत में दरोगा भर्ती के अभ्यर्थी अपनी विशिष्ट मांगों को भी प्रमुखता से रखेंगे।
ऑल इंडिया स्टूडेंट एसोसिएशन (AISA) देश भर में छात्रों और युवाओं के अधिकारों के लिए काम करने वाला एक जाना-माना संगठन है। बिहार में यह संगठन विशेष रूप से सक्रिय रहा है और इसने पहले भी प्रतियोगी परीक्षाओं में सुधार, शिक्षा के अधिकार और रोजगार से जुड़े मुद्दों पर कई आंदोलन चलाए हैं। गर्दनीबाग में आयोजित हो रही इस छात्र-युवा महापंचायत को संगठन ने एक ऐतिहासिक जुटान के रूप में पेश किया है। AISA के पदाधिकारियों का कहना है कि इस महापंचायत में किसी एक परीक्षा या भर्ती का मुद्दा नहीं, बल्कि बिहार के समस्त छात्र-युवाओं की सामूहिक समस्याओं पर चर्चा होगी।
पिछले कई महीनों से गर्दनीबाग धरना स्थल पर विभिन्न परीक्षाओं के अभ्यर्थी डटे हुए हैं। कुछ अभ्यर्थी अपने परिणाम घोषित कराने की मांग को लेकर हैं, तो कुछ परीक्षाओं में हुई कथित गड़बड़ियों की जांच की मांग कर रहे हैं। सर्दी, गर्मी और बारिश की परवाह किए बिना ये अभ्यर्थी सड़कों पर बैठकर अपना विरोध दर्ज करा रहे हैं। AISA की महापंचायत में इन सभी धरनारत अभ्यर्थियों को सम्मानित किया जाएगा और उनके संघर्ष को एक बड़ा मंच प्रदान किया जाएगा। संगठन का प्रयास है कि इन अलग-अलग आंदोलनों को एक सूत्र में बांधकर एक व्यापक छात्र-युवा आंदोलन का रूप दिया जाए।
राजधानी पटना के गर्दनीबाग क्षेत्र में इस महापंचायत को लेकर तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। राज्य के विभिन्न जिलों से अभ्यर्थियों के पटना पहुंचने की संभावना है। प्रशासन की ओर से भी इस आयोजन को लेकर सुरक्षा और यातायात व्यवस्था पर नजर रखी जा रही है। चूंकि इसमें हजारों की संख्या में छात्रों और युवाओं के जुटने की संभावना है, इसलिए गर्दनीबाग और उसके आसपास के इलाकों में भारी भीड़ देखी जा सकती है।
यह महापंचायत बिहार में प्रतियोगी परीक्षाओं की वर्तमान स्थिति और अभ्यर्थियों की बढ़ती बेचैनी को दर्शाती है। राज्य में हर साल लाखों युवा सरकारी नौकरियों की तैयारी करते हैं और उनका भविष्य इन परीक्षाओं की प्रक्रियाओं पर निर्भर करता है। जब परीक्षाओं में देरी होती है या प्रक्रिया पर सवाल उठते हैं, तो इसका सीधा असर युवाओं के करियर पर पड़ता है। AISA द्वारा बुलाई गई यह महापंचायत इसी चिंता का प्रतीक है।
कार्यक्रम में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों से अपील की गई है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखें और अनुशासन बनाए रखें। महापंचायत के दौरान भविष्य की रणनीति पर भी विचार-विमर्श किया जाएगा। यदि सरकार और संबंधित आयोगों की ओर से मांगों पर सकारात्मक पहल नहीं होती है, तो अभ्यर्थी आगे के आंदोलन की रूपरेखा भी इसी महापंचायत में तय कर सकते हैं। कुल मिलाकर, आज गर्दनीबाग में होने वाली यह छात्र-युवा महापंचायत बिहार के प्रतियोगी परीक्षा परिदृश्य में एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम के रूप में देखी जा रही है, जिसमें 70वीं BPSC, BSSC और 1799 पदों की दरोगा भर्ती के अभ्यर्थियों की भागीदारी इसे और भी प्रासंगिक बनाती है।

