धार में आजाद समाज पार्टी की जिला स्तरीय बैठक संपन्न: संगठन विस्तार और बूथ स्तर पर मजबूती बनाने की रणनीति तैयार

मध्य प्रदेश के धार जिले में आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) की एक महत्वपूर्ण जिला स्तरीय बैठक का आयोजन किया गया। यह बैठक सोमवार सुबह संपन्न हुई, जिसमें पार्टी के संगठन को और अधिक मजबूत करने तथा आगामी 2026 की राजनीतिक रणनीति पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक की अध्यक्षता पार्टी के जिला अध्यक्ष आशीष चौहान ने की। इस दौरान पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए जमीनी स्तर पर संगठन की उपस्थिति बढ़ाने पर विशेष जोर दिया।
इस जिला स्तरीय बैठक में पार्टी के प्रदेश प्रभारी विनोद यादव अंबेडकर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उनके साथ भीम आर्मी के प्रदेश सचिव गोविंद खारीवाल भी मुख्य अतिथि के तौर पर शामिल हुए। दोनों ही वरिष्ठ नेताओं ने बैठक को संबोधित किया और कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन किया। प्रदेश स्तर से आए इन नेताओं की उपस्थिति ने स्थानीय कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा का संचार किया और संगठन के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को और मजबूत करने का काम किया।
बैठक का मुख्य उद्देश्य पार्टी के संगठनात्मक ढांचे का विस्तार करना था। इस संदर्भ में विशेष रूप से बूथ स्तर पर पार्टी की मजबूती बनाने की रणनीति तैयार की गई। नेताओं ने स्पष्ट किया कि किसी भी चुनावी प्रक्रिया में सफलता प्राप्त करने के लिए बूथ स्तर का संगठन सबसे महत्वपूर्ण इकाई होती है। इसलिए कार्यकर्ताओं को निर्देश दिया गया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में बूथ स्तर तक पहुंचें और वहां पार्टी के विचारों तथा नीतियों को आम जनता तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने का कार्य करें। हर बूथ पर जिम्मेदार पदाधिकारियों की नियुक्ति और उनकी सक्रियता सुनिश्चित करने पर व्यापक चर्चा हुई।
आगामी वर्ष 2026 की राजनीतिक रणनीति भी इस बैठक का एक प्रमुख एजेंडा रही। मध्य प्रदेश में बदलते राजनीतिक परिदृश्य और दलित तथा शोषित वर्गों की राजनीतिक भागीदारी को लेकर पार्टी ने अपनी भूमिका स्पष्ट की। नेताओं ने बताया कि 2026 के लक्ष्यों को ध्यान में रखते हुए अभी से तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। संगठन विस्तार के माध्यम से पार्टी यह सुनिश्चित करना चाहती है कि वह आने वाले समय में एक मजबूत राजनीतिक विकल्प के रूप में सामने आ सके। इसके लिए ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में सदस्यता अभियान चलाने और जनसंपर्क बढ़ाने पर सहमति बनी।
जिला अध्यक्ष आशीष चौहान ने बैठक में अपने संबोधन के दौरान कहा कि धार जिले में पार्टी का आधार लगातार मजबूत हो रहा है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अनुशासन और एकजुटता बनाए रखने की अपील की। आशीष चौहान ने बताया कि प्रदेश नेतृत्व के मार्गदर्शन में जिले में कई नई पहल की जाएंगी, जिनका सीधा लाभ समाज के उन वर्गों को मिलेगा जिनके अधिकारों की रक्षा के लिए डॉ. भीमराव अंबेडकर और कांशीराम ने अपना जीवन समर्पित किया था। उन्होंने स्थानीय मुद्दों पर भी बात की और कहा कि पार्टी आम जनता की समस्याओं को लेकर सड़कों पर उतरने और प्रशासन से संवाद करने दोनों तरीकों से काम करेगी।
प्रदेश प्रभारी विनोद यादव अंबेडकर ने बैठक को संबोधित करते हुए पूरे प्रदेश में संगठन की स्थिति की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) तेजी से एक राष्ट्रीय स्तर की ताकत के रूप में उभर रही है। उन्होंने धार जिले के कार्यकर्ताओं की सक्रियता की सराहना की और कहा कि अन्य जिलों को भी धार की कार्यप्रणाली से प्रेरणा लेनी चाहिए। विनोद यादव अंबेडकर ने स्पष्ट किया कि पार्टी का कोई भी कदम संविधान और बाबासाहेब अंबेडकर के बताए रास्ते पर चलते हुए उठाया जाएगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से सोशल मीडिया का सही और प्रभावी उपयोग करने का भी आह्वान किया ताकि पार्टी का संदेश युवाओं तक तेजी से पहुंच सके।
भीम आर्मी के प्रदेश सचिव गोविंद खारीवाल ने अपने संबोधन में सामाजिक न्याय और समानता के मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि राजनीतिक और सामाजिक आंदोलन एक दूसरे के पूरक होते हैं। भीम आर्मी और आजाद समाज पार्टी के बीच वैचारिक तालमेल को रेखांकित करते हुए उन्होंने कहा कि समाज के कमजोर वर्गों को एकजुट होकर अपनी आवाज बुलंद करनी होगी। उन्होंने युवाओं से विशेष रूप से अपील की कि वे शिक्षा और राजनीति दोनों क्षेत्रों में आगे आएं और अपने समुदाय का नेतृत्व करने की जिम्मेदारी लें।
बैठक में धार जिले के विभिन्न ब्लॉकों और मंडलों से आए पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया। सभी ने अपनी-अपनी क्षेत्रीय रिपोर्ट प्रस्तुत की और संगठन को मजबूत करने के लिए सुझाव दिए। बैठक के अंत में कई महत्वपूर्ण प्रस्ताव पारित किए गए, जिनमें बूथ कमेटी का गठन, सदस्यता अभियान की समय सीमा तय करना और आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार करना शामिल था। इस जिला स्तरीय बैठक ने धार जिले में आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) की आगामी राजनीतिक यात्रा की दिशा को स्पष्ट रूप से निर्धारित कर दिया है।

