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Wed, Oct 14, 2026Updated 2:45 PM IST
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छिंदवाड़ा: घानाउमरी स्कूल की शिक्षण व्यवस्था पर उठे सवाल, अतिथि शिक्षक को हटाने की मांग; अधिकारियों को सौंपा आवेदन

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ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने की शिकायत, बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होने का आरोप; बीओ ओपी जोशी ने बैठक के बाद उच्च अधिकारियों को आवेदन भेजने की दी जानकारी

लोकेशन: घानाउमरी, जुन्नारदेव, जिला छिंदवाड़ा, मध्य प्रदेश
रिपोर्ट: मयाराम धुर्वे | वंदे भारत न्यूज़

घानाउमरी। जुन्नारदेव विधानसभा क्षेत्र के एकीकृत शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय घानाउमरी में शिक्षण व्यवस्था को लेकर विवाद सामने आया है। ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने कुछ अतिथि शिक्षकों के कार्य करने के तरीके पर सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि विद्यालय में बच्चों को अपेक्षा के अनुरूप पढ़ाई नहीं मिल पा रही है, जिससे विद्यार्थियों की शिक्षा प्रभावित होने की आशंका है। मामले को लेकर ग्रामीणों ने संबंधित अतिथि शिक्षक को हटाने की मांग की है। वहीं, शिक्षा विभाग के अधिकारी के अनुसार, शिकायतों के संबंध में बैठक कर उच्च अधिकारियों को आवेदन भेजा गया है।

ग्रामीणों ने लगाया ठीक से पढ़ाई नहीं कराने का आरोप

ग्राम घानाउमरी के ग्रामीणों का कहना है कि विद्यालय में शिक्षण व्यवस्था में सुधार की आवश्यकता है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि संबंधित अतिथि शिक्षक द्वारा नियमित और प्रभावी ढंग से पढ़ाई नहीं कराई जा रही है। इससे अभिभावकों में बच्चों की शिक्षा और भविष्य को लेकर चिंता बढ़ रही है।

ग्रामीणों की मांग है कि शिकायतों की निष्पक्ष जांच कराई जाए और यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो नियमानुसार कार्रवाई की जाए। उनका कहना है कि विद्यालय में पढ़ाई का माहौल बेहतर होना चाहिए, ताकि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके।

सरपंच ने बच्चों से बातचीत का दिया हवाला

ग्राम सरपंच के अनुसार, उन्होंने कुछ विद्यार्थियों से पढ़ाई के संबंध में बातचीत की थी। सरपंच का कहना है कि विद्यार्थियों ने कथित तौर पर शिकायत की कि कुछ अतिथि शिक्षक कक्षा में ठीक से नहीं पढ़ाते और मोबाइल फोन का इस्तेमाल करते हैं।

सरपंच ने कक्षा में अनुचित व्यवहार और गुटबाजी जैसी स्थितियों के आरोपों का भी उल्लेख किया। इन शिकायतों को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी है। हालांकि, विद्यार्थियों की ओर से बताए गए इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट करने के लिए निष्पक्ष जांच आवश्यक है।

बीओ ओपी जोशी बोले—बैठक के बाद उच्च अधिकारियों को भेजा आवेदन

मामले को लेकर बीओ ओपी जोशी ने बताया कि उन्हें विद्यार्थियों और ग्रामीणों से अतिथि शिक्षक द्वारा ठीक से शिक्षण कार्य नहीं किए जाने की शिकायतें मिली थीं। उन्होंने यह भी बताया कि प्राचार्य की बात नहीं सुने जाने संबंधी शिकायत सामने आई है।

बीओ के अनुसार, मामले को लेकर बैठक की गई और उच्च अधिकारियों को आवेदन भेजा गया है। उन्होंने बताया कि आगे होने वाली कार्रवाई के अनुसार संबंधित अतिथि शिक्षक को हटाने और नए अतिथि शिक्षक की नियुक्ति के लिए विज्ञापन जारी करने की प्रक्रिया अपनाई जाएगी।

जिला पंचायत सदस्य अरुण परते ने भी जताई चिंता

जिला पंचायत सदस्य अरुण परते ने बताया कि बच्चों और ग्रामीणों ने उन्हें विद्यालय में शिक्षण व्यवस्था को लेकर शिकायत की थी। शिकायतों के अनुसार, कुछ अतिथि शिक्षक समय पर शिक्षण कार्य नहीं कर रहे हैं और विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा नहीं मिल पा रही है।

अरुण परते के मुताबिक, इस विषय पर बैठक आयोजित की गई और उच्च अधिकारियों को आवेदन प्रस्तुत किया गया है। अब मामले में आगे की कार्रवाई और जांच के परिणाम का इंतजार है।

ग्रामीणों की मांग—विद्यालय में पढ़ाई की व्यवस्था सुधारी जाए

घानाउमरी विद्यालय का यह मामला विद्यार्थियों की शिक्षा और विद्यालय में शिक्षण व्यवस्था की निगरानी से जुड़ा है। ग्रामीण चाहते हैं कि शिकायतों को गंभीरता से लिया जाए और वास्तविक स्थिति की जांच कर उचित कदम उठाए जाएं।

अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि शिक्षा विभाग शिकायतों की जांच किस प्रकार करता है और विद्यालय में पढ़ाई की गुणवत्ता सुधारने के लिए क्या कदम उठाए जाते हैं। ग्रामीणों की प्रमुख मांग है कि बच्चों को नियमित रूप से बेहतर शिक्षा मिले और विद्यालय में अनुशासन तथा शिक्षण व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।

वंदे भारत न्यूज़ की नजर इस मामले पर बनी रहेगी।

रिपोर्टर: मयाराम धुर्वे
वंदे भारत न्यूज़