चांदाना पहुंचे नेता प्रतिपक्ष उमर सिंगर, पीड़ित परिवारों को 50-50 हजार का ऐलान


लोकेशन
देवास
रिपोर्ट
आनंद योगी
चंदाना गांव पहुंचे नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार, पीड़ित परिवारों को 50-50 हजार की मदद का ऐलान
सीएम मोहन यादव को फोन कर जताई नाराजगी, मृतकों के परिजनों को 25-25 लाख रुपए मुआवजा देने की मांग; विधानसभा में मुद्दा उठाने की चेतावनी
देवास। जिले के चंदाना गांव में शराब से मौतों के दावों के बीच मध्य प्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार पीड़ित परिवारों से मिलने पहुंचे। उन्होंने शोकाकुल परिजनों से मुलाकात कर घटना की जानकारी ली और अपनी ओर से प्रत्येक मृतक व घायल के परिवार को 50-50 हजार रुपए की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की। वहीं, उन्होंने राज्य सरकार से प्रभावित परिवारों को 25-25 लाख रुपए मुआवजा देने की मांग की।
गांव में एक घंटे से अधिक समय बिताने के दौरान सिंघार ने मृतक बालूसिंह के परिवार से भी चर्चा की। इस दौरान उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को फोन लगाकर घटना को लेकर नाराजगी जताई। सिंघार ने कहा कि देवास में शराब से 10 से 15 लोगों की मौत होने की बात सामने आ रही है, लेकिन पीड़ित परिवारों को राहत देने के लिए प्रशासन की ओर से पर्याप्त पहल नहीं दिखाई दे रही है। उन्होंने मुख्यमंत्री से मानवीय आधार पर पीड़ित परिवारों की मदद करने की अपील की।
मीडिया से चर्चा करते हुए उमंग सिंघार ने आरोप लगाया कि चंदाना गांव में लंबे समय से अवैध और नकली शराब का कारोबार चल रहा था। उन्होंने आबकारी विभाग की भूमिका पर सवाल उठाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
सिंघार ने कहा कि कथित तौर पर शराब पीने के बाद लोगों को आंखों के सामने अंधेरा छाने और उल्टियां होने जैसी समस्याएं हुईं। उन्होंने प्रशासन द्वारा मौतों को सामान्य बताने पर भी सवाल उठाए। साथ ही आरोप लगाया कि शराब बड़वाह की एक डिस्टलरी से आई थी
नेता प्रतिपक्ष ने प्रदेश में अवैध शराब के कारोबार को लेकर राज्य सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आबकारी आयुक्त दीपक सक्सेना और सरकार की भूमिका पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि अवैध शराब के कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण नहीं किया जा रहा है।
सिंघार ने चेतावनी दी कि यदि पीड़ित परिवारों को जल्द राहत नहीं मिली और मामले में दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं हुई, तो कांग्रेस इस मुद्दे को आगामी विधानसभा सत्र में प्रमुखता से उठाएगी।
फिलहाल, चंदाना गांव में हुई मौतों को लेकर सामने आए आरोपों के बीच मामले की निष्पक्ष जांच, मौतों के वास्तविक कारणों का खुलासा और पीड़ित परिवारों को राहत दिए जाने की मांग तेज हो गई है।

