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Fri, Oct 9, 2026Updated 1:38 PM IST
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बालाघाट में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने फूंका पीएम मोदी का पुतला, राहुल गांधी की गिरफ्तारी के विरोध में INDIA ब्लॉक ने किया प्रदर्शन; CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग

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बालाघाट। मध्य प्रदेश के बालाघाट जिला मुख्यालय में बुधवार को कांग्रेस पार्टी और INDIA ब्लॉक के कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ तीखा विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन कांग्रेस नेता राहुल गांधी को हिरासत में लिए जाने और INDIA ब्लॉक के आंदोलन के दौरान हुई कार्रवाई के विरोध में आयोजित किया गया था। प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रतीकात्मक पुतला दहन करने के साथ ही मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की भी जोरदार मांग की। बालाघाट में हुए इस विरोध प्रदर्शन ने स्थानीय राजनीति में गर्माहट पैदा कर दी है और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार पर लोकतांत्रिक अधिकारों के हनन का गंभीर आरोप लगाया है।

जानकारी के अनुसार, बुधवार को बालाघाट जिला मुख्यालय पर सुबह से ही कांग्रेस कार्यकर्ताओं की भारी भीड़ जुटना शुरू हो गई थी। सभी कार्यकर्ता INDIA ब्लॉक द्वारा चलाए जा रहे आंदोलन के समर्थन में एकजुट हुए थे। जब राहुल गांधी को हिरासत में लिए जाने की खबर कार्यकर्ताओं तक पहुंची, तो उनमें भारी आक्रोश देखने को मिला। कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने इसे लोकतंत्र की हत्या और विपक्ष की आवाज को दबाने की केंद्र सरकार की सुनियोजित साजिश करार दिया। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने तत्काल विरोध प्रदर्शन का रूपरेखा तय की और सड़कों पर उतरकर अपना गुस्सा जाहिर किया।

प्रदर्शन की शुरुआत बालाघाट स्थित कांग्रेस पार्टी के जिला कार्यालय से हुई। कांग्रेस कार्यकर्ता पार्टी कार्यालय से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक प्रतीकात्मक पुतला लेकर निकले। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने हाथों में तख्तियां और बैनर पकड़े हुए थे, जिन पर केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री के खिलाफ नारे लिखे हुए थे। पूरा जुलूस नारेबाजी करता हुआ शहर की प्रमुख सड़कों से गुजरा। कार्यकर्ता ‘लोकतंत्र बचाओ’, ‘तानाशाही नहीं चलेगी’ और ‘राहुल गांधी जिंदाबाद’ जैसे नारे लगा रहे थे। जुलूस के दौरान कांग्रेस नेताओं ने कहा कि देश में आज लोकतांत्रिक मूल्यों को कुचला जा रहा है और विपक्ष के नेताओं को शांतिपूर्ण आंदोलन करने का अधिकार भी नहीं दिया जा रहा है।

जुलूस पार्टी कार्यालय से निकलकर शहर के प्रमुख हनुमान चौक पर पहुंचा, जहां कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पुतले का दहन किया। पुतला दहन के समय हनुमान चौक पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं की भारी भीड़ मौजूद थी। पुतले में आग लगते ही कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ और तेज नारेबाजी शुरू कर दी। इस दौरान वहां उपस्थित कांग्रेस नेताओं ने संबोधित करते हुए कहा कि राहुल गांधी की गिरफ्तारी या हिरासत से कांग्रेस पार्टी और INDIA ब्लॉक का मनोबल कम नहीं होगा, बल्कि यह आंदोलन और भी व्यापक रूप लेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार विपक्ष से डरी हुई है और इसलिए पुलिस प्रशासन का इस्तेमाल करके विरोधी स्वरों को दबाने का प्रयास कर रही है।

इस विरोध प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एक और महत्वपूर्ण मुद्दे को प्रमुखता से उठाया। प्रदर्शनकारियों ने भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की। कांग्रेस नेताओं का कहना था कि चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठ रहे हैं और वर्तमान परिस्थितियों में CEC ज्ञानेश कुमार का अपने पद पर बने रहना उचित नहीं है। उन्होंने मांग की कि चुनाव आयोग को पूरी तरह से स्वतंत्र और निष्पक्ष होना चाहिए, लेकिन मौजूदा हालात में ऐसा होता नहीं दिख रहा है। कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया, तो वे भविष्य में और भी बड़े स्तर पर आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे।

बालाघाट में हुए इस प्रदर्शन को INDIA ब्लॉक के राष्ट्रीय आंदोलन के हिस्से के रूप में देखा जा रहा है। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने स्पष्ट किया कि राहुल गांधी को हिरासत में लिया जाना सिर्फ एक व्यक्ति का अपमान नहीं है, बल्कि यह करोड़ों भारतीयों के लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला है। उन्होंने कहा कि INDIA ब्लॉक का आंदोलन संविधान, लोकतंत्र और आम जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए है। पार्टी कार्यालय से लेकर हनुमान चौक तक निकाले गए इस जुलूस में युवाओं से लेकर वरिष्ठ कांग्रेसी नेताओं तक ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।

बालाघाट जिला मुख्यालय पर हुए इस पुतला दहन और विरोध प्रदर्शन के दौरान पुलिस प्रशासन भी मुस्तैद दिखा। हनुमान चौक और आसपास के इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रखी गई थी, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना को रोका जा सके। हालांकि, कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने शांतिपूर्ण तरीके से अपना विरोध दर्ज कराया और पुतला दहन के बाद प्रदर्शन समाप्त किया। बालाघाट में कांग्रेस द्वारा किए गए इस विरोध प्रदर्शन से यह स्पष्ट हो गया है कि राहुल गांधी की हिरासत और INDIA ब्लॉक के आंदोलन के मुद्दे पर पार्टी का हर स्तर का कार्यकर्ता पूरी तरह से मुखर है और आने वाले दिनों में यह विरोध और तेज होने की संभावना बनी हुई है।