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Fri, Oct 9, 2026Updated 1:37 PM IST
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शिवपुरी में इंडिया गठबंधन का प्रदर्शन: कांग्रेस और सपा ने मतदाता सूची में गड़बड़ी के आरोप लगाए, कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन

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शिवपुरी। मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले में बुधवार को कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने इंडिया गठबंधन के बैनर तले निर्वाचन प्रक्रिया और मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने गांधी सेवाश्रम के सामने धरना दिया और लोकतंत्र की रक्षा की मांग को लेकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने ‘लोकतंत्र बचाओ, देश बचाओ, वोट बचाओ’ के नारे लगाकर प्रशासन और निर्वाचन आयोग का ध्यान अपनी मांगों की ओर आकर्षित करने का प्रयास किया। इसके बाद गठबंधन के प्रतिनिधिमंडल ने जिला कलेक्टर को एक ज्ञापन भी सौंपा, जिसमें मतदाता सूची से जुड़ी अनियमितताओं की जांच और सुधार की मांग की गई है।

इंडिया गठबंधन के घटक दलों कांग्रेस और समाजवादी पार्टी द्वारा आयोजित इस संयुक्त प्रदर्शन में बड़ी संख्या में पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया। दोनों पार्टियों के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि निर्वाचन प्रक्रिया में पारदर्शिता का अभाव है और मतदाता सूची में कई तरह की गड़बड़ियां पाई गई हैं। उनका कहना था कि इन गड़बड़ियों के कारण आम मतदाताओं के मताधिकार पर असर पड़ सकता है, जो किसी भी लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए चिंता का विषय है। गांधी सेवाश्रम के सामने आयोजित इस धरना-प्रदर्शन में शामिल लोगों ने हाथों में तख्तियां और बैनर थाम रखे थे, जिन पर लोकतंत्र की सुरक्षा और निष्पक्ष चुनाव कराने की मांग से जुड़े नारे लिखे हुए थे।

प्रदर्शन के दौरान इंडिया गठबंधन के नेताओं ने कहा कि मतदाता सूची किसी भी लोकतांत्रिक चुनाव की आधारशिला होती है। यदि सूची में ही नाम छूट रहे हैं, फर्जी नाम जुड़ रहे हैं या अन्य प्रकार की विसंगतियां रहती हैं, तो पूरे चुनावी ढांचे की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े होते हैं। कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने यह आरोप भी लगाया कि निर्वाचन प्रक्रिया में कुछ ऐसी कमियां हैं जिन्हें दूर करना बेहद जरूरी है। उन्होंने मांग की कि मतदाता सूची का विशेष अभियान चलाकर पुनरीक्षण किया जाए ताकि किसी भी योग्य नागरिक का नाम मतदाता सूची से न छूटे और कोई अयोग्य व्यक्ति सूची में दर्ज न हो सके।

धरना-प्रदर्शन के बाद इंडिया गठबंधन के प्रतिनिधिमंडल ने जिला कलेक्टर से मुलाकात की और उन्हें एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन में मतदाता सूची में पाई गई कथित गड़बड़ियों का उल्लेख करते हुए मांग की गई है कि जिला प्रशासन और निर्वाचन अधिकारी इस मामले में तत्काल संज्ञान लें। ज्ञापन में यह भी अपील की गई है कि निर्वाचन प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और निष्पक्ष बनाया जाए, ताकि जनता का चुनावी व्यवस्था पर भरोसा बना रहे। कलेक्टर को दिए गए इस ज्ञापन के माध्यम से गठबंधन ने अपनी बात उच्च अधिकारियों और निर्वाचन आयोग तक पहुंचाने का प्रयास किया है।

बता दें कि हाल के दिनों में देश के विभिन्न हिस्सों में मतदाता सूची को लेकर राजनीतिक दलों द्वारा सवाल उठाए जाने की घटनाएं सामने आती रही हैं। शिवपुरी में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी का यह संयुक्त प्रदर्शन भी इसी कड़ी में देखा जा रहा है। इंडिया गठबंधन के तहत दोनों पार्टियों ने मिलकर यह संदेश देने की कोशिश की है कि वे लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं की शुद्धता को लेकर सजग हैं और किसी भी प्रकार की अनियमितता का विरोध करेंगे। ‘लोकतंत्र बचाओ, देश बचाओ, वोट बचाओ’ जैसे नारों के जरिए कार्यकर्ताओं ने यह स्पष्ट करने का प्रयास किया कि उनका मुख्य उद्देश्य वोट और लोकतंत्र की रक्षा करना है।

गांधी सेवाश्रम के सामने हुए इस धरने में स्थानीय स्तर के नेताओं से लेकर कार्यकर्ताओं तक ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। पुलिस प्रशासन ने भी प्रदर्शन स्थल पर सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखी ताकि शांतिपूर्ण तरीके से विरोध प्रदर्शन संपन्न हो सके। गठबंधन के नेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर समय रहते ध्यान नहीं दिया गया और मतदाता सूची में सुधार की दिशा में ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो वे भविष्य में और भी बड़े स्तर पर आंदोलन करने को बाध्य होंगे।

फिलहाल, जिला प्रशासन की ओर से इंडिया गठबंधन द्वारा सौंपे गए ज्ञापन पर क्या कार्रवाई की जाती है, इस पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं। शिवपुरी जिले में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के इस संयुक्त प्रदर्शन ने स्थानीय राजनीति में मतदाता सूची और निर्वाचन प्रक्रिया के मुद्दे को एक बार फिर प्रमुखता से उभार दिया है। देखना होगा कि आने वाले समय में निर्वाचन विभाग इस संबंध में क्या कदम उठाता है और मतदाता सूची को लेकर उठ रहे सवालों का समाधान किस प्रकार होता है।