गजराराजा चिकित्सा महाविद्यालय (जीआरएमसी) से जुड़े सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल के डीन डॉ. आरकेएस धाकड़ पर महिला आउटसोर्स कर्मचारी ने मानसिक के आरोप लगाए हैं। महिला ने डीन सहित तीन लोगों के खिलाफ कंपू थाने में शिकायत दी है। मामले में पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। अधीक्षक के खिलाफ केस दर्ज कराने का दबाव नवंबर 2019 से अस्पताल में डाटा एंट्री ऑपरेटर के पद पर काम कर रही महिला ने शिकायत में कहा कि डीन का अस्पताल के तत्कालीन अधीक्षक डॉ. गिरिजा शंकर गुप्ता से विवाद चल रहा था। उस पर अधीक्षक के खिलाफ झूठा मामला दर्ज कराने का दबाव बनाया गया। मना करने पर उसे परेशान किया जाने लगा। आरोप है कि डाटा एंट्री ऑपरेटर की जिम्मेदारी से हटाकर उसे जबरन वार्ड में ड्यूटी दी गई। इसके अलावा उपस्थिति रजिस्टर में उसके हस्ताक्षर के ऊपर क्रॉस लगाकर अप्रैल और मई का वेतन रोक दिया गया। तीन माह की बच्ची को स्तनपान कराने की अनुमति नहीं महिला ने शिकायत में यह भी आरोप लगाया कि उसे अपनी तीन माह की बच्ची को स्तनपान कराने तक की अनुमति नहीं दी गई। सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल की प्रभारी अधीक्षक डॉ. नीलिमा टंडन और कामता प्रसाद मरैया पर भी आपत्तिजनक टिप्पणियां करने और मानसिक रूप से परेशान करने के आरोप लगाए गए हैं। महिला के मुताबिक अस्पताल के निरीक्षण के दौरान डीन के व्यवहार से असहज होने के बाद उसने 15 सितंबर को कंपू थाने पहुंचकर शिकायत दी। डीन से संपर्क का प्रयास, जवाब नहीं मिला दैनिक भास्कर ने आरोपों को लेकर जीआरएमसी डीन डॉ. आरकेएस धाकड़ से फोन और वॉट्सऐप के जरिए संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन उनकी ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। कंपू थाना प्रभारी अमर सिंह सिकरवार ने बताया कि महिला कर्मचारी ने थाने में शिकायती आवेदन दिया है। यह दो पक्षों का विवाद है और महिला द्वारा लगाए गए आरोपों की जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।




