इंदौर में सोशल एक्टिविस्ट प्रहलाद पांडेय पत्नी संगीता पांडेय के साथ रीगल चौराहे स्थित गांधी प्रतिमा के नीचे उपवास पर बैठ गए। उनका कहना है कि जब तक शहर से अवैध होर्डिंग-पोस्टर नहीं निकलते वे यहां उपवास पर बैठे रहेंगे। दरअसल, बुधवार शाम को वे मरीमाता चौराहे पर गए थे। यहां पर लगे बैनर-पोस्टर को लेकर वे वीडियो बना रहे थे। वीडियो में अवैध-बैनर पोस्टर के बारे में जिक्र कर रहे थे। प्रहलाद पांडेय ने आरोप लगाते हुए कहा कि इस दौरान विधायक गोलू शुक्ला के समर्थक वहां पहुंचे और उनके साथ मारपीट की और उनके डिवाइस भी ले लिया। मारपीट से आहत होकर पत्नी के साथ बैठे घटना के बाद वे रीगल चौराहे पर पहुंचे, जहां उन्होंने रोते हुए अपने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट किया, इसके बाद वे पत्नी के साथ गांधी प्रतिमा के नीचे उपवास पर बैठ गए। जब इस बारे में उनके परिचितों को पता लगा तो वे भी उनके समर्थन में पहुंच गए। मामले में उन्होंने कहा कि शहर में कई जगह अवैध होर्डिंग-पोस्टर लगे हैं। जिन पर कार्रवाई होना चाहिए। मगर ऐसा नहीं हो रहा है। वे तब तक उपवास पर बैठेंगे जब तक अवैध होर्डिंग-पोस्टरों पर कार्रवाई नहीं होती। इसके साथ ही वे ये उपवास इन लोगों की बुद्धि की शुद्धि के लिए कर रहे हैं। मंत्री के घर के बाहर से उठा ले गई थी पुलिस बता दें कि प्रहलाद पांडेय और संगीत पांडेय वहीं दंपति हैं जो कुछ महीने पहले मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के घर के बाहर संविधान की कॉपी लेकर पहुंचे थे। वे मंत्री के बयानों से आहत होकर पहुंचे थे। इस दौरान जब वे यहां पहुंचे तो पुलिस बल भी यहां तैनात था। उन्हें समझाइश दी गई थी, तो वे रोड पर बैठ गए थे। इस पर पुलिस ने प्रहलाद पांडेय को टांगा-टोली कर उठा लिया था और दंपत्ति पर कार्रवाई कर उन्हें जेल भेज दिया था।




